2019 चुनाव को देखते हुए राहुल गाँधी फ्रंटफूट पर, अगले महीने से उत्तरप्रदेश में खोलेंगे मोर्चा

कांग्रेस आगामी लोकसभा चुनाव में उत्तर प्रदेश की सभी 80 लोकसभा सीटों पर अपने उम्मीदवार उतारने की तैयारी में है, जो इस बात के संकेत हैं कि पार्टी प्रदेश में सपा-बसपा गठबंधन का हिस्सा नहीं बन सकती है. इसी के मद्देनजर कांग्रेस अध्यक्ष प्रदेश में जोरदार चुनावी अभियान करने जा रहे हैं.

0
27

नई दिल्ली: कांग्रेस आगामी लोकसभा चुनाव में उत्तर प्रदेश की सभी 80 लोकसभा सीटों पर अपने उम्मीदवार उतारने की तैयारी में है, जो इस बात के संकेत हैं कि पार्टी प्रदेश में सपा-बसपा गठबंधन का हिस्सा नहीं बन सकती है. इसी के मद्देनजर कांग्रेस अध्यक्ष प्रदेश में जोरदार चुनावी अभियान करने जा रहे हैं. राहुल गांधी फरवरी में उत्तर प्रदेश में 10 जनसभाओं को संबोधित करने वाले हैं और पार्टी की आकांक्षा को बलवती बनाने के लिए वह लगातार प्रदेश का दौरा करने वाले हैं. पार्टी के नेता पी. एल. पुनिया ने बताया, “वह (राहुल गांधी) फरवरी में प्रदेश में 10 जनसभाओं को संबोधित करेंगे.उन्होंने कहा कि अगले महीने हर तीसरे दिन गांधी उत्तर प्रदेश में होंगे.

पुनिया ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) को शिकस्त देने के लिए कांग्रेस समाजवादी पार्टी (सपा) और बहुजन समाज पार्टी (बसपा) गठबंधन का हिस्सा बनने के लिए तैयार है. उन्होंने हालांकि यह भी कहा, “हर हाल में हम खुद संघर्ष करने को तैयार हैं।” बसपा अध्यक्ष मायावती और सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव शनिवार को लखनऊ में संयुक्त प्रेसवार्ता करने वाले हैं, जिसमें वे दोनों दलों में सीटों के बंटवारे के फार्मूले का एलान कर सकते हैं.बताया जाता है कि दोनों दलों ने 37-37 सीटों पर चुनाव लड़ने का समझौता कर लिया है और दो सीटें अजित सिंह की पार्टी राष्ट्रीय लोकदल (रालोद) के लिए होंगी। सपा-बसपा गठबंधन अमेठी और रायबरेली लोकसभा सीटें कांग्रेस के लिए छोड़ सकता है। अमेठी से राहुल गांधी सांसद हैं और रायबरेली का प्रतिनिधित्व संयुक्त प्रगतिशील गठबंधन (संप्रग) अध्यक्ष सोनिया गांधी करती हैं. लोकसभा चुनाव 2014 में कांग्रेस इन्हीं दो सीटों पर जीत हासिल कर पाई थी। पिछले लोकसभा चुनाव में सपा को पांच सीटों पर जीत मिली थी, जबकि बसपा अपना खाता भी नहीं खोल पाई थी।

  क्या राहुल गांधी ने महात्मा गांधी के अहिंसा मंत्र का श्रेय इस्लाम को दिया?

इससे पहले लोकसभा चुनाव 2009 में कांग्रेस ने उत्तर प्रदेश में 22 सीटों पर जीत हासिल की थी. इसी सप्ताह एक साक्षात्कार में राहुल गांधी ने कहा कि उनकी पार्टी उत्तर प्रदेश में एक मजबूत ताकत बनकर उभरेगी.उन्होंने कहा, “उत्तर प्रदेश के लिए कांग्रेस की परिकल्पना काफी मजबूत है। इसलिए, हमें उत्तर प्रदेश में अपनी क्षमता पर पूरा भरोसा है। हम लोगों को चकित कर देंगे। हम एक बार फिर बस यही कहना चाहते हैं कि उत्तर प्रदेश में कांग्रेस को कम करके आंकना भूल होगी।”गांधी ने बताया था कि पार्टी उत्तर प्रदेश में ज्यादा बड़ा गठबंधन बनाने की आकांक्षा रखती है. उन्होंने कहा था, “हम उत्तर प्रदेश में विपक्ष को एक साथ लाने की कोशिश कर रहे हैं और इस दिशा में कार्य प्रगति पर है। मैंने मीडिया में कुछ बयान सुने हैं, लेकिन एक साथ काम कर रहे हैं और पक्का विश्वास है कि हम मोदी को शिकस्त देंगे.”

दिल्ली की पूर्व मुख्यमंत्री शीला दीक्षित को कांग्रेस ने दिल्ली का प्रदेश अध्यक्ष बनाया है. 80 साल की शीला दीक्षित अब दिल्ली में कांग्रेस के संगठन को मजबूत करेंगी. मीडिया से बात करते हुए उन्होंने कहा कि पिछले कुछ महीनों में राहुल गांधी ने जिस ढंग से राजनीतिक सक्रियता दिखाई है, उससे उनमें परिपक्वता झलक रही है. वह प्रधानमंत्री बनने में पूरी तरह सक्षम हैं. उनसे बेस्ट कंडीडेट आज की तारीख में उपलब्ध नहीं है. शीला दीक्षित ने कहा कि जिस ढंग से राहुल गांधी ने राफेल का मुद्दा आक्रामक तरीके से उठाया, उससे वह सही मायने में एक नेता के रूप में उभरे हैं. पार्टी के अंदर ही नहीं अब बाहर भी लोग उनके नेतृत्व को मानते हैं. पहले कुछ लोग उनकी लीडरशिप पर सवाल उठाया करते थे. (इनपुट- आईएएनएस)

  Rahul In Dubai - दुबई में भारतीय प्रवासियों को दिया कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी का पूरा भाषण यहाँ देखे
loading...

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here